
इनमें तीन बसों पर 13 लाख रुपये से अधिक का मोटरयान कर बकाया था, जबकि एक बस बिना परमिट के संचालित हो रही थी। आरटीओ प्रदीप शर्मा ने कहा कि परिवहन नियमों का पालन न करने वाले वाहनों पर लगातार कार्रवाई की जाएगी। खासतौर पर स्कूल और कॉलेज बसों की नियमित जांच कर बच्चों की सुरक्षा पर जोर दिया जाएगा।कार्रवाई के दौरान वाहनों की गति, स्पीड गवर्नर, परमिट, फिटनेस और दस्तावेजों की गहन जांच की गई। साथ ही वाहन मालिकों और चालकों को हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट (एचएसआरपी) लगवाने के लिए प्रेरित किया गया।








