कटनी जिले से गुजरने वाले नेशनल हाईवे-30 के निर्माण कार्य में लगे स्थानीय मजदूरों और छोटे ठेकेदारों को भुगतान न मिलने का मामला सामने आया है। मंगलवार को उन्होंने अपनी बकाया राशि के लिए कलेक्टर कार्यालय पहुंचकर ‘श्री जी इन्फ्रास्ट्रक्चर इंडिया प्राइवेट लिमिटेड’ कंपनी के खिलाफ लिखित शिकायत दर्ज कराई।
शिकायतकर्ताओं ने बताया कि राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) के तहत श्री जी कंपनी ने जिले के कई मजदूरों और छोटे ठेकेदारों को डेंटिंग-पेंटिंग सहित अन्य कार्यों के लिए नियुक्त किया था। आरोप है कि कार्य पूरा होने के महीनों बाद भी कंपनी ने उनका पूरा भुगतान नहीं किया है, जिससे उन्हें आर्थिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।
ठेकेदार रमेश पटेल ने अपनी शिकायत में बताया कि उनकी फर्म को कंपनी से 1 जनवरी 2024 को वर्क ऑर्डर मिला था। उन्होंने अप्रैल महीने में यह कार्य पूरा कर दिया था। कार्य पूर्ण होने के बाद उनकी फर्म ने कंपनी को कुल 45 लाख 90 हजार 304 रुपए का बिल जारी किया था।

ठेकेदार के अनुसार, उनकी फर्म को शुरुआत में कंपनी की ओर से केवल 9 लाख 11 हजार रुपए का आंशिक भुगतान किया गया। शेष राशि के लिए बार-बार अनुरोध करने पर कंपनी के प्रतिनिधियों ने टालमटोल किया। पटेल ने आरोप लगाया कि जब वे बकाया 36 लाख 79 हजार 304 रुपए के भुगतान के लिए कंपनी कार्यालय गए, तो वहां के मैनेजर नारायण दास और हिमांशु कलारिया ने कथित तौर पर उन्हें धमकी देते हुए कहा कि अब उन्हें केवल 16 लाख रुपए का ही भुगतान किया जाएगा।
ठेकेदार ने यह भी बताया कि उनकी राशि फंस जाने के कारण क्षेत्र के सैकड़ों मजदूरों का भुगतान भी रुका हुआ है। कलेक्ट्रेट कार्यालय में शिकायत सौंपने के बाद, पीड़ित मजदूरों और ठेकेदारों ने जिला प्रशासन से तत्काल हस्तक्षेप कर बकाया राशि दिलवाने की मांग की है। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही उनकी मांगों पर ध्यान नहीं दिया गया, तो वे बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन करने के लिए मजबूर होंगे।






