💔 कटनी: नाबालिग मां ने नवजात बेटी को अपनाने से किया इनकार; CWC की जांच शुरू, मासूम को मिला NGO का सहाराकटनी/बड़वारा। (1 दिसंबर 2025)कटनी जिले के बड़वारा क्षेत्र से एक अत्यंत संवेदनशील और हृदय विदारक मामला सामने आया है, जिसने बाल कल्याण और सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। यहां एक नाबालिग मां ने हाल ही में जन्मी अपनी नवजात बच्ची को अपने पास रखने और उसकी जिम्मेदारी लेने से साफ इनकार कर दिया है।मामले की जानकारी मिलते ही जिला बाल कल्याण समिति (CWC) तत्काल हरकत में आई और नवजात के भविष्य को सुरक्षित करने के लिए त्वरित कार्रवाई की गई। CWC ने बच्ची की देखभाल और संरक्षण सुनिश्चित करने के लिए उसे एक गैर-सरकारी संगठन (NGO) की देखरेख में सौंप दिया है।घटनाक्रम और नाबालिग का इनकारसूत्रों के अनुसार, बड़वारा क्षेत्र की यह नाबालिग हाल ही में प्रसव पीड़ा के बाद एक बच्ची की मां बनी। जन्म के तुरंत बाद ही नाबालिग ने अपनी पारिवारिक और सामाजिक परिस्थितियों का हवाला देते हुए बच्ची को अपनाने और उसकी जिम्मेदारी उठाने में असमर्थता व्यक्त की। नाबालिग मां के इस फैसले ने अस्पताल कर्मचारियों और स्थानीय प्रशासन को चौंका दिया।CWC ने संभाला मोर्चा, शुरू की जांचमामले की गंभीरता को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग और स्थानीय पुलिस ने तुरंत बाल कल्याण समिति (CWC), कटनी को सूचित किया। CWC की टीम ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया। * CWC अध्यक्ष ने मीडिया को बताया कि नवजात बच्ची को तत्काल संरक्षण की आवश्यकता थी। नाबालिग मां की काउंसलिंग की गई, लेकिन वह अपने निर्णय पर अडिग रही। * CWC ने अब इस मामले की विस्तृत जांच शुरू कर दी है। जांच का मुख्य उद्देश्य नाबालिग के इस कदम के पीछे के कारणों का पता लगाना है, साथ ही यह भी सुनिश्चित करना है कि नवजात के लिए सर्वोत्तम संभावित वातावरण तैयार किया जा सके। * जांच टीम अब यह भी पता लगाएगी कि नाबालिग के गर्भवती होने के लिए कौन जिम्मेदार है, ताकि पॉक्सो (POCSO) एक्ट और अन्य संबंधित धाराओं के तहत कानूनी कार्रवाई की जा सके।मासूम को मिला NGO का संरक्षणCWC के हस्तक्षेप के बाद, सभी कानूनी प्रक्रियाओं को पूरा करते हुए नवजात बच्ची को आवश्यक चिकित्सा जांच के बाद देखभाल और संरक्षण के लिए एक पंजीकृत और मान्यता प्राप्त NGO को सौंप दिया गया है। NGO अब शिशु की पूरी जिम्मेदारी उठाएगा और यह सुनिश्चित करेगा कि उसे उचित पोषण और सुरक्षित वातावरण मिले।फिलहाल नवजात शिशु पूरी तरह से सुरक्षित है। CWC और NGO मिलकर बच्ची के भविष्य के लिए आगे की व्यवस्था करेंगे, जिसमें नियमानुसार उसकी संभावित गोद लेने की प्रक्रिया भी शामिल हो सकती है।यह घटना कटनी जिले में बाल सुरक्षा और किशोर न्याय के लिए एक महत्वपूर्ण चुनौती बनकर उभरी है। CWC ने स्थानीय समुदाय और माता-पिता से अपील की है कि वे ऐसे संवेदनशील मामलों में सहयोग करें और बच्चों के सुरक्षित भविष्य के लिए आगे आएं।
कटनी में प्रशासन की बड़ी कार्रवाई: 56 हजार क्विंटल धान जब्त, अवैध निकासी पर लगा प्रतिबंध
कटनी में प्रशासन की बड़ी कार्रवाई: 56 हजार क्विंटल धान जब्त, अवैध निकासी पर लगा प्रतिबंधस्थान: कटनी, मध्य प्रदेशविषय: अवैध धान भंडारण और परिवहन पर छापेमारीकटनी जिले में धान के…








