
कफ सिरप त्रासदी: छिंदवाड़ा में बच्चों की मौत के मामले में डॉक्टर गिरफ्तार, दवा कंपनी पर हत्या का केस दर्ज; जबलपुर में सप्लायर फर्म सीलछिंदवाड़ा/जबलपुर: मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा जिले में एक संदिग्ध कफ सिरप पीने से मासूम बच्चों की मौत के मामले में पुलिस ने कठोर कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। इस हृदय विदारक त्रासदी में अब तक 14 बच्चों की मौत की अनौपचारिक सूचना है, हालांकि प्रशासन ने 10 मौतों की आधिकारिक पुष्टि की है।डॉक्टर गिरफ्तार, दवा कंपनी पर हत्या का केसपुलिस ने इस मामले में श्रेषन फार्मास्यूटिकल्स (Shreshan Pharmaceuticals) कंपनी और स्थानीय डॉक्टर प्रवीण सोनी पर हत्या का मुकदमा दर्ज किया है। * डॉक्टर गिरफ्तार: कोतवाली थाना क्षेत्र, राजपाल चौक से डॉ. प्रवीण सोनी को देर रात एसपी की स्पेशल टीम ने गिरफ्तार कर लिया। * शिकायत: यह एफआईआर परासिया के बीएमओ डॉक्टर अंकित सहलाम की शिकायत पर दर्ज की गई है। * गंभीर धाराएं: तमिलनाडु के कांचीपुरम स्थित श्रेषन फार्मास्यूटिकल्स कंपनी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की ‘एडल्ट्रेशन ऑफ ड्रग’ (दवाओं में मिलावट) और ‘हत्या की कोटि में आने वाले आपराधिक मानव वध’ जैसी गंभीर धाराएं लगाई गई हैं। इन धाराओं में अधिकतम आजीवन कारावास तक का प्रावधान है। इसके अलावा ड्रग्स एवं कॉस्मेटिक एक्ट के तहत भी कार्रवाई की जा रही है।जबलपुर में सप्लायर फर्म ‘कटारिया फार्मा’ सीलजिस कफ सिरप को पीने से बच्चों की मौत हुई है, उसकी सप्लाई जबलपुर से हुई थी। इसी कड़ी में, जबलपुर के नौदराब्रिज स्थित कटारिया फार्मा को सील करने की कार्रवाई चल रही है। यह कार्रवाई ऐसे समय में हो रही है जब सोमवार को मुख्यमंत्री का नगर दौरा प्रस्तावित है।पूरे प्रदेश में सिरप पर प्रतिबंधप्रयोगशाला की रिपोर्ट में कफ सिरप में हानिकारक रसायन पाए जाने के बाद राज्य सरकार ने तत्काल प्रभाव से दो कफ सिरप पर पूरे प्रदेश में प्रतिबंध लगा दिया है। पुलिस और प्रशासन इस मामले में दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ सख्त कदम उठा रहे हैं।








