
उज्जैन में बड़ा हादसा टला: शिप्रा नदी में बहे 6 श्रद्धालु, रेस्क्यू टीम ने सभी को बचायाउज्जैन में शनिवार दोपहर शिप्रा नदी का जलस्तर बढ़ने के कारण एक बड़ा हादसा टल गया। रामघाट पर तेज बहाव में उत्तर प्रदेश के उन्नाव जिले के छह श्रद्धालु बह गए। हालांकि, मौके पर मुस्तैद होमगार्ड, एसडीआरएफ और मां शिप्रा तैराक दल के गोताखोरों ने तत्काल कार्रवाई करते हुए सभी छह लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।जलस्तर बढ़ने से डूबा आरती स्थलहोमगार्ड के जिला सेनानी संतोष कुमार जाट ने बताया कि गुरुवार और शुक्रवार की बारिश के साथ-साथ शुक्रवार रात से देवास और इंदौर में हुई भारी बारिश के कारण उज्जैन में शिप्रा नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ गया है। * रामघाट पर आरती स्थल पूरी तरह डूब गया। * बड़नगर रोड पर शिप्रा नदी पर बनी छोटी रपट पर भी चार फीट ऊपर पानी बह रहा था।श्रद्धालुओं की लापरवाही से बढ़ा खतराशनिवार दोपहर उत्तर प्रदेश के उन्नाव जिले के छह निवासी, जिनकी उम्र 17 से 25 वर्ष के बीच थी, रामघाट पर आरती स्थल के पास नहाने के लिए नदी में उतरे थे। * बताया गया कि तैनात जवानों ने श्रद्धालुओं को नदी में न उतरने की चेतावनी भी दी थी, लेकिन उन्होंने बात नहीं मानी। * सभी श्रद्धालु एक साथ ही गहराई में चले गए और तेज बहाव में डूबने लगे।त्वरित कार्रवाई से बची जानहादसा देखते ही होमगार्ड, एसडीआरएफ और तैराक दल के गोताखोरों ने बिना देरी किए नदी में छलांग लगा दी। * चार श्रद्धालुओं को आरती स्थल से, जबकि दो अन्य को लगभग 100 मीटर दूर रामघाट चौकी के सामने से सुरक्षित बाहर निकाला गया। * एक श्रद्धालु के पेट में पानी चले जाने के कारण उसकी हालत खराब हो गई थी। जवानों ने तत्काल उसे सीपीआर (CPR) देकर उसके पेट से पानी निकाला, जिससे उसकी जान बच सकी।सुरक्षा दलों की त्वरित और बहादुरी भरी कार्रवाई के कारण एक बड़ा हादसा होने से टल गया।








